Tuesday, 28 June 2016

नमकीन गुजिया


वैसे तो गुजिया होली-दीपावली पर बनने वाली एक मीठी पकवान है, पर इसे जब चाहे तब हम बना लिया करते हैं। गुजिया में मुख्यतः मावा भरा जाता है जो इसके मिठास को और बढ़ा देता है। आज अपनी टेस्टफुल मेनू में मैंने नमकीन गुजिया रखा है। यह आपको एक नए स्वाद से परिचित करवाएगा। आइए आज नमकीन गुजिया बनाते हैं।
नमकीन गुजिया के लिए आवश्यक सामग्री -
  • मैदा - 2 कप
  • मटर दाना - 200 ग्राम
  • आलू - 2 (उबला और मैश किया हुआ) 
  • प्याज - 2 (बारीक कटा हुआ
  • काजू - 5-7 (बारीक कटे हुए)
  • बादाम - 5-7(बारीक कटे हुए)
  • इलायची - 1/4 चम्मच
  • धनिया पाउडर - 1/2 चम्मच
  • लाल मिर्च पाउडर -1/4 चम्मच
  • गरम मसाला पाउडर - 1/4 चम्मच
  • हींग - 1 पिंच
  • घी - 250 ग्राम
  • नमक - स्वादानुसार

नमकीन गुजिया कैसे बनाएँ ?
  • सबसे पहले मैदा को किसी बर्तन में निकाल लें।
  • अब दो चम्मच घी डाल कर अच्छी तरह मिलाएँ।
  • अब थोडा़-थोडा़ पानी डालते हुए थोड़ा सख्त आटा गूँथ लें।
  • गूँथने के बाद आटे को 15-20 मिनट के लिए ढककर रख दें।
  • अब भरावन तैयार करें।
  • सबसे पहले पैन में एक चम्मच घी डाल कर गरम करें।
  • गरम होने पर हींग डालें। 
  • फिर प्याज, मटर और आलू डालकर मिला लें। 
  • अब काजू, बादाम, इलायची डालें और भूनें। 
  • एक मिनट बाद धनिया पाउडर, लाल मिर्च पाउडर, गरम मसाला पाउडर और नमक डालकर बारीक़ मिलाते हुए 4-5 मिनट भूनें। 
  • अब आपकी नमकीन गुजिया के लिए नमकीन भरावन तैयार है। 
  • इसे किसी प्लेट में निकाल लें और थोड़ा ठंडा होने दें। 
  • अब आटे को मसल कर चिकना कर लें और छोटी-छोटी लोइयाँ तोड़ लें. 
  • लोइयों को मसल कर गोल करके पेड़े जैसा बना लें। 
  • अब एक लोई को लेकर गोल बेलें। 
  • बेली हुई पूरी के बीच में एक चम्मच भरावन रखें और फिर आधे से मोड़कर मिला लें। 
  • किनारों पर उंगली के सहारे से पानी कर मोड़ लें। 
  • आप चाहें तो साँचे का भी उपयोग कर सकते हैं, मगर नमकीन गुजिया में भरावन हाथ से ठीक से तैयार होता है। फटने का डर नहीं होता। 
  • अब कढ़ाई में घी डालकर गरम करें। 
  • घी गरम होने पर चार-पाँच गुजिया एक बार डालकर तलें। 
  • जब गुजिया ब्राउन हो जाये तब निकाल लें। 

इस प्रकार आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए क्रिस्पी नमकीन स्नैक्स के रूप में नमकीन गुजिया तैयार है। 
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Saturday, 25 June 2016

गवारफली की सब्जी


गवारफली विटामिन, खनिजों और रेशे से भरपूर सब्जी है। यह बींस और मटर के परिवार की सब्जी है। माना जाता है कि इस सब्जी के नियमित सेवन से व्यक्ति को स्टोन्स की परेशानी नही होती है। एक मौसम में तरह-तरह की फली की सब्जियाँ बाज़ार में आ जाती हैं। उसी में से लोकप्रिय यह ग्वारफली है। इसकी सब्जी लोग तरह-तरह से बनाते हैं। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में आलू के साथ ग्वारफली की सब्जी बनाया है। यह खाने में बहुत ही स्वादिष्ट है। 
गवारफली की सब्जी के लिए आवश्यक सामग्री -
  • गवारफली - 250 ग्राम 
  • आलू - 2-3
  • हरी मिर्च - 1-2 (पेस्ट)
  • अदरक - 1/4 (पेस्ट)
  • ज़ीरा - 1/4 चम्मच 
  • अमचूर - 1/4 चम्मच
  • गरम मसाला - 1/2 चम्मच 
  • जीरा पाउडर - 1/2 चम्मच 
  • धनिया पाउडर - 1/2 चम्मच 
  • हल्दी पाउडर - 1/4 चम्मच
  • हींग - 1 पिंच  
  • तेल - 1 चम्मच 
  • नमक - स्वादानुसार 

गवारफली की सब्जी कैसे बनाएँ ? 
  • सबसे पहले आलू और गवारफली को अच्छी तरह से धो लें। 
  • अब आलू छीलकर छोटे-छोटे टुकड़े में काट लें। 
  • गवारफली के दोनों सिरों को थोड़ा सा काटकर फेंक दें। 
  • अब गवारफली को भी छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लें।
  • अब कढ़ाई में तेल गरम करें। 
  • जब तेल गरम हो जाए तब उसमें जीरा और हींग डालें। 
  • जब जीरा चटकने लगे तब उसमे हरी मिर्च और अदरक का पेस्ट डालकर चलाएँ। 
  • अब गरम मसाला, हल्दी पाउडर, जीरा पाउडर और धनिया पाउडर डालकर चलाते रहें। 
  • जब मसालों का रंग बदलने लगे तब उसमें आलू और गवारफली मिला दें। 
  • एक-दो मिनट अच्छे से चलाएँ ताकि मसाले अच्छी तरह मिल जाएँ। 
  • अब नमक डालकर मिला लें और पाँच मिनट के लिए सब्जी ढक दें। 
  • पाँच मिनट बाद ढक्कन खोलकर सब्जियों को चलाएँ। 
  • अगर सब्जी कढ़ाही पकड़ रही हो तो आधा कप पानी डाल दें और दस मिनट के लिए ढक दें। 
  • अब सब्जी में अमचूर डालकर मिला लें और दो मिनट के लिए फिर से ढक दें। 

इस प्रकार अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए पौष्टिकता और स्वाद से भरपूर गवारफली की सब्जी तैयार है। 
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Friday, 24 June 2016

जामुन पन्ना


बरसात की शुरुआत होती नहीं कि काले जामुन का आगमन हो जाता है। यह बहुत ही कम समय के लिए आने वाला फल तो है, लेकिन बेहद लाभदायक फल है। यह स्वाद और सेहत से भी भरपूर होता है। जामुन में एंटीऑक्सीडेंट्स भरपूर मात्रा पाया जाता है। जामुन के सेवन से शरीर की रोग-प्रतिरोधक क्षमता भी मजबूत होती है। जामुन पाचन तंत्र को दुरुस्त रखता है। सबसे बड़ी बात तो यह है कि डायबिटीज वाले लोग भी इसका सेवन कर सकते हैं। 
आपने जामुन को कभी यूँ ही तो कभी नमक के साथ खाया होगा। आज मैं इसे पीने के लिए प्रेरित करुँगी। जी, आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में जामुन पन्ना रखा है। यह बनाने में रोचक और पीने में स्वादिष्ट होने के साथ ही स्वास्थ्य की दृष्टि से फायदेमंद भी है। 
जामुन पन्ना के लिए आवश्यक सामग्री - 
  • काला जामुन - 100 ग्राम
  • काला नमक -1/4 चम्मच
  • भूना जीरा पाउडर - 1/2 चम्मच
  • चीनी - 1 चम्मच 
  • पुदीना पत्ता - 5-7 

जामुन पन्ना कैसे बनाएँ ?
  • सबसे पहले जामुन को साफ धो लें। 
  • अब एक कटोरे में रखकर एक गिलास पानी डालें। 
  • हाथ से मिलकर जामुन के सारे बीज निकाल लें। 
  • अब मिक्सी में काला नमक, चीनी और पुदीना पत्ता डालकर पीसें। 
  • पूरी तरह से पीस जाने के बाद इसे किसी गिलास में छान लें। 
  • ऊपर से जीरा पाउडर डालें और पुदीना पत्ते से सजाकर पीएं। 

आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए आज का स्पेशल जामुन पन्ना तैयार है। 
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Thursday, 23 June 2016

पोहा कटलेट


हम सभी पोहा (चिउड़ा) का अलग-अलग विधि से नाश्ते में इस्तेमाल करते हैं। कई लोग इसे दही के साथ तो कई लोग इसे तलकर, नमकीन  तरह तो कई लोग वेज पोहा बनाकर। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में पोहा कटलेट रखा है। यह स्वाद में लाज़वाब होता है और सभी पसंद भी करते हैं।

पोहा कटलेट के लिए आवश्यक सामग्री -
  • पोहा - 1 कप
  • आलू - 2 (उबले हुए)
  • हरी मिर्च - 2 (बारीक़ कटी हुई)
  • हल्दी पाउडर - 1/4 चम्मच
  • लाल मिर्च पाउडर - 1/2 चम्मच
  • चाट मसाला - 1/4 चम्मच
  • नमक -स्वादानुसार
  • तेल - तलने के लिए

पोहा कटलेट कैसे बनाएँ ?
  • सबसे पहले पोहे को साफ कर 10 मिनट के लिए भिगो दें।
  • फिर उसे छानकर सारा पानी निकाल लें।
  • अब इसमें उबले आलू मैस कर लें।
  • इसके बाद हरी मिर्च, नमक, हल्दी पाउडर, लाल मिर्च पाउडर, चाट मसाला और पोहा डालकर अच्छी तरह मिला लें।
  • इसे मिलाने के बाद सारे मिश्रण की गोल टिक्कियाँ बना लें। 
  • अब एक कढाई में तेल गरम करें। 
  • तेल गरम हो जाने पर तीन-तीन, चार-चार टिक्कियाँ डालें। 
  • टिक्कियों को सुनहरा होने तक तलें और फिर निकाल लें। 
  • इसी तरह सारी टिक्कियाँ तल लें। 
  • अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए पोहा कटलेट तैयार है। 

इसे आप किसी भी चटनी के साथ खाएँ और खिलाएँ। 
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Wednesday, 22 June 2016

कुरकुरी भिंडी


भिंडी तो सबको पसंद आने वाली सब्जी है। बच्चे भी सबसे अधिक भिंडी ही पसंद करते हैं। मैं अपने बेटे के लिए अकसर भिंडी बनाया करती हूँ। यह स्वादिष्ट होने के साथ ही हमारे सेहत के लिए भी काफी फायदेमंद है। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में एक टेस्‍टी भिंडी रखा है। निश्चित ही इसे खाकर आपके जीभ की लालच और बढ़ जाएगी। जी हाँ, आज मैंने कुरकुरी भिंडी बनाया है। यह खाने में बहुत ही स्वादिष्ट लगती है। आइए, बनाते हैं। 
कुरकुरी भिंडी के लिए आवश्यक सामग्री-
  • भिंडी - 250 ग्राम
  • लाल मिर्च पाउडर - 1 चम्‍मच
  • हल्‍दी पाउडर - 1/2 चम्‍मच
  • गरम मसाला पाउडर - 1/2 चम्‍मच
  • जीरा पाउडर - 1/2 चम्‍मच
  • बेसन - 2 चम्‍मच
  • कार्न फ्लोर - 1 चम्‍मच
  • नमक- स्वादानुसार 
  • तेल- तलने के लिये

कुरकुरी भिंडी कैसे बनाएँ ?
  • सबसे पहले भिंडी को अच्‍छे से धो कर पोछ लें।
  • फिर इसे दोनों ओर से काट लें। 
  • अब सभी भिंडी को बीच से लम्बाई में चीर लें। 
  • फिर एक-एक करके सभी भागों से बीज निकाल लें। 
  • अब सभी भिंडी को लम्बाई में पतला-पतला काट लें। 
  • बीच से 4 पीस में काट लें। 
  • अब कटोरे में भिंडी लेकर बेसन, कार्नफ्लोर, लाल मिर्च पाउडर, हल्‍दी पाउडर, गरम मसाला पाउडर, जीरा पाउडर और नमक डालें। 
  • फिर हल्‍के हाथों से सबको मिक्‍स करें।
  • अब गैस जलाकर पैन में तेल गरम करें।
  • तेल गरम हो जाने पर भिंडी को थोड़ा-थोड़ा कर के तलें। 
  • इसप्रकार आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए कुरकुरी भिंडी तैयार है। 

इसे आप चाय के साथ भी सर्व कर सकती हैं। 
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Tuesday, 21 June 2016

पनीर सरसों मसाला


पनीर को साथ में मिलाकर हम रोज तरह-तरह के स्वादिष्ट व्यंजन तैयार करते रहते हैं। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में सरसों मसाला की रिच ग्रेवी से बना पनीर सरसों मसाला रखा है। यह पूरी तरह से भारतीय व्यंजन है। इसे आपके घर के सदस्य बहुत पसंद करेंगे और बड़े शौक से खाएँगे। तो आइए, आज पनीर सरसों मसाला बनाते हैं। 
पनीर सरसों मसाला बनाने के लिए आवश्यक सामग्री -
  • पनीर – 250 ग्राम
  • सरसों - 4 चम्मच 
  • टमाटर – 2 
  • लहसुन की कली – 10-12  
  • अदरक – 1/2 टुकड़ा
  • जीरा – 1/4 चम्मच  
  • हरी मिर्च – 1-2  
  • गर्म मसाला - 1/2 चम्मच 
  • लाल मिर्च पाउडर – 1/4 चम्मच
  • तेल –  4 चम्मच
  • नमक - स्वादानुसार

पनीर सरसों मसाला कैसे बनाएँ ?
  • सबसे पहले पनीर को चौकोर टुकड़ों में काट लें।  
  • अब सरसों, टमाटर, हरी मिर्च, अदरक और लहसुन को धोकर मिक्सी में पीस लें। 
  • कढ़ाई गैस पर रखकर तेल डालें। 
  • तेल गरम होने पर उसमें जीरा डालकर चटकने दें। 
  • जब जीरा चटकने लगे तो मिक्सी में पिसे सारे मसाले डालें। 
  • दो-तीन मिनट तक भूनें। 
  • अब लाल मिर्च पाउडर और गरम मसाला डालकर एक मिनट भूनें। 
  • फिर नमक डालें और फिर 2-3 मिनट तक भूनें। 
  • अब उसमे पनीर डालें और 5-7 मिनट तक भूनें। 
  • फिर एक कप पानी डालें और धीमी आँच पर ग्रेवी को पकने दें। 
  • इसे बीच-बीच में चलाते हुए करीब 10 मिनट तक पकाएँ। 
  • अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए पनीर सरसों मसाला तैयार है। 

इसे शान से खाएँ और खिलाएँ। 
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Sunday, 19 June 2016

नमक पारे


नमक पारे को राजस्थानी, पंजाबी स्नैक्स कहा जाता है मगर यह अलग-अलग नामों से हर जगह बनाया और खाया जाता है। इसे पूर्वी उत्तर-प्रदेश में सेवड़ा तो मध्य-प्रदेश आदि में सलोनी तो कई जगह शांके भी कहा जाता है। यह नमकीन शाम की चाय की शान है। इसे भेलपूरी में भी डालकर उसकी स्वाद बढ़ाई जाती है। नमक पारे बाजार में बड़ी आसानी से मिल जाते हैं। उतनी ही आसानी से इसे घर पर भी बनाया जा सकता है। घर पर बने नमक पारे का स्वाद कुछ अलग ही होता है। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में मैंने नमक पारे रखा है। आइए, बनाते हैं। 
नमक पारे के लिए आवश्यक सामग्री -
  • मैदा - 500 ग्राम
  • तेल - 100 ग्राम (मोयन के लिए)
  • अजवायन - 1 चम्मच
  • नमक - स्वादानुसार 
  • पानी - गुनगुना 
  • तेल - तलने के लिये

नमक पारे कैसे बनाएँ ?
  • सबसे पहले एक बर्तन में मैदा छान कर निकाल लें। 
  • अब उसमें तेल, नमक और अजवायन डालकर अच्छी तरह मिला लें। 
  • फिर गुनगुना पानी से थोड़ा कड़ा आटा गूँथ लें। 
  • आटा गूँथ जाने के बाद 20 मिनट के लिये ढक कर रख दें। 
  • इससे आटा फूल कर सेट हो जाएगा। 
  • अब गूँथे आटे से थोड़ी बड़ी गोल-गोल लोइयाँ बना लें। 
  • एक लोई लेकर मोटा पराठे जैसा बेल लें। 
  • अब इसे चाकू से चौकोर या आयताकार या लम्बा काट लें। 
  • कटे हुए टुकड़ों को अलग करके थाली में रख लें। 
  • इस प्रकार पूरे आटे का पारे काटकर तैयार कर लें।
  • अब कड़ाही में तेल गरम करें। 
  • गरम तेल में कटे हुए पारे डालकर मीडियम आँच पर तलें। 
  • इसे बार-बार पलटते रहें ताकि जले नहीं। 
  • जब पारे हल्के ब्राउन हो जाएँ तब निकलकर पेपर नैपकिन लगी प्लेट में रख लें। 
  • इस प्रकार आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए सारे नमक पारे/सेवड़ा/सलोनी तैयार हो गया। 

आप इसे किसी एयर टाइट डिब्बे में भर कर रख दें और जब मन करे तब चाय की चुस्की का जायका बढ़ाएँ। 
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Saturday, 18 June 2016

साबूदाना पापड़


साबूदाना  छोटे-छोटे मोती की तरह सफ़ेद और गोल होते हैं। यह सैगो पाम नामक पेड़ के तने के गूदे से बनता है। यह मूलरूप से पूर्वी अफ़्रीका का पौधा है। एक शोध के अनुसार साबूदाना आपको तरोताजा रखने में मदद करता है। चावल के साथ प्रयोग किए जाने पर यह शरीर में बढ़ने वाली गर्मी को कम कर देता है। साबूदाना दस्त या अतिसार की समस्या में भी बहुत लाभदायक होता है। तब आप बिना दूध के साबूदाने की खीर बनाकर इसका सेवन कर सकती हैं। साबूदाने में पाया जाने वाल पोटैशियम रक्त संचार को बेहतर कर, उसे नियंत्रित करता है। इसके अलावा यह मांसपेशियों के लिए भी फयदेमंद है। पेट में किसी भी प्रकार की समस्या होने पर साबूदाना खाना काफी लाभप्रद सिद्ध होता है। यह पाचनक्रिया को ठीक कर गैस, अपच आदि समस्याओं में भी लाभ देता है। 
साबूदाना पकने के बाद अपादर्शी से हल्का पारदर्शी, नर्म और स्पंजी हो जाता है। सफेद मोतियों की तरह दिखने वाला साबूदान व्रत-उपवास में प्रमुख रूप से खाया जाता है। वैसे तो इसका प्रयोग केवल फलाहार के तौर पर किया जाता है, लेकिन आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में साबूदाना पापड़ रखा है। यह फलाहार के साथ ही चाय के साथ एक बेहतरीन स्नेक्स का भी काम करेगा। 
साबूदाना पापड़ के लिए आवश्यक सामग्री -
  • साबूदाना - 2 कप
  • पानी - 10 कप
  • जीरा - 1 चम्मच
  • लाल मिर्ची पाउडर - 1 चम्मच
  • नमक - स्वादानुसार
  • तलने के लिए तेल - 200 ग्राम 

साबूदाना पापड़ का घोल कैसे बनाएँ ?
  • सबसे पहले साबूदाने को साफ करके धो लें। 
  • अब साबूदाने की मात्रा से दो गुना अधिक पानी डालकर 2 घंटे के लिये भिगो दें। 
  • किसी भारी तले के बर्तन में बाकी पानी डालकर उबलने के लिए रख दें। 
  • पानी में उबाल आने पर भिंगोया हुआ साबूदाना डालें। 
  • अब उसमे नमक, जीरा, लाल मिर्ची पाउडर आदि डालें। 
  • साबूदाना को लगातार चलाते हुये पकाएँ। 
  • चलाते रहने से वह तले में नहीं लगेगा। 
  • जब साबूदाने का घोल गाढ़ा पारदर्शक दिखने लगे तो गैस बंद कर दें। 
  • अब पापड़ बनाने के लिए घोल तैयार है। 
  • साबूदाना पापड़ का घोल कैसे बनाएँ ? 
  • अब सबसे पहले कोई बड़ी पोलिथिन शीट धूप में बिछा लें। 
  • एक बड़े चम्मच से साबूदाने के घोल को पोलिथिन शीट पर डालें। 
  • अब उसे गोल-गोल फैला दें। 
  • इसी तरह एक पापड़ से दूसरे पापड़ में दूरी रखते हुये, सारे घोल से इसी तरह से फैला दें। 
  • अब इसे तेज धूप में सुखा लें। 
  • साबूदाने के पापड़ 2-3 दिन की धूप में सूख जाते हैं। 
  • इस प्रकार आपकी टेस्टफुल मेनू ए लिए साबूदाने के पापड़ जब सूख कर तैयार हो जाएँगे। 
  • जब पापड़ सूख जाएँ तो आप तेल में तलें और चाय के साथ खाएँ। 

व्रत में खाने के लिए आप साधारण नमक की जगह सेंधा का प्रयोग कर सकती हैं। 

Friday, 17 June 2016

कटहल की सब्जी

   कटहल एक ऐसा फल है जिसको भारतीय रसोई में कई प्रकार से प्रयोग किया जाता है। कटहल की सब्‍जी, पकौडे़ या अचार सबका पसंदीदा होता है। जब यह पक जाता है तब इसके अंदर के मीठे फल को खाने का अलग ही आनंद है। कटहल में विटामिन ए, सी, थाइमिन, पोटैशियम, कैल्‍शियम, राइबोफ्लेविन, आयरन, नियासिन और जिंक आदि कई पौष्टिक तत्त्व पाये जाते हैं । इसमें खूब सारा फाइबर पाया जाता है और साथ ही इसमें बिल्‍कुल भी कैलोरी नहीं होती। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में कटहल की रसेदार सब्जी रखा है। 
 
  कटहल की सब्‍जी ज्‍यादातर लोगों को अच्‍छी लगती है। जो शाकाहारी हैं, उन्हें और भाती है। आइए आज स्वाद और स्वास्थ्य से भरपूर कटहल  सब्जी बनाते हैं। विश्वास मानिए, खाने वाला अंगुलियाँ चाटते रह जाएगा।
कटहल की सब्जी के लिए आवश्यक सामग्री- 

  • कटहल - 250 ग्राम (टुकड़ों में कटा हुआ)  
  • प्‍याज - 2 (कटा हुआ)
  • लहसुन - 1 चम्‍मच 
  • हरी मिर्च - 1-2 (कटी हुई)
  • हल्‍दी पाउडर- 1 चम्‍मच 
  • लाल मिर्च पाउडर- 1 चम्‍मच 
  • धनिया पाउडर- 1चम्‍मच 
  • गरम मसाला- 1 चम्‍मच 
  • जीरा- 1/2 चम्‍मच 
  • तेज पत्‍ता- 2 
  • टमाटर - 2 (कटा हुआ)
  • तेल - 4 चम्‍मच
  • नमक- स्वादानुसार 

कटहल की सब्जी कैसे बनाएँ ?

  • सबसे पहले कटहल के टुकड़ों को साफ धो लें। 
  • अब उसमे प्याज, लहसुन, हरी मिर्च, लाल मिर्च का पाउडर, धनिया पाउडर, गरम मसाला, हल्दी पाउडर और नमक डाल लें। 
  • अब दो चम्मच तेल डालें। 
  • अब पूरे मसाले को कटहल में अच्छी तरह से मिला लें। 
  • फिर गैस पर कूकर रखें और तेल गरम करें। 
  • अब जीरा और तेज पत्ता डालें। 
  • जब जीरा चटकने लगे तब कूकर में कटहल डाल लें। 
  • अब 10-12 मिनट तक धीमी आँच पर बार-बार चलाते हुए भूनें। 
  • इसके बाद टमाटर डालें और दो मिनट तक चलाते हुए भूनें। 
  • अब सब्जी में एक कप पानी डाल कर उसे पुनः दो मिनट तक भूनें। 
  • इसके बाद कूकर बंद कर दें। 
  • तीन सिटी के बाद गैस बंद कर दें। 

इस प्रकार आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए स्पाइसी कटहल की सब्जी तैयार है।
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Thursday, 16 June 2016

सत्तू का पराठा


पूर्वी उत्तर प्रदेश और बिहार आदि में सत्तू खानपान का हिस्सा रहता है। यहाँ गर्मी में अक्सर सुबह के नाश्ते में सत्तू से बने आइटम मिल जाते हैं। कभी सत्तू का पराठा तो कभी लिट्टी और कभी सत्तू का गाढ़ा शर्बत। सत्तू के साथ अच्छी बात ये होती है कि इसके खाने के बाद खूब प्यास लगती है। गर्मी में बार-बार पानी पीने से आदमी डिहाइड्रेशन से बचता है। दरअसल सत्तू में पानी को सोखने की गजब की क्षमता होती है। सत्तू में गेंहू के आटे से दोगुना पानी लग जाता है। 
आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में सत्तू से बना और अपने बचपन से जुड़ा पराठा रखा है। हमारे-आपके घरों में पराठे की बात सुनते ही सबका भूख बढ़ जाता है। आज आपकी भूख के साथ ही आपकी प्यास भी बढ़ने वाली है। आइए सत्तू के पराठा बनाते हैं। 
सत्तू का पराठा के लिए आवश्यक सामग्री -
  • चना का सत्तू - 100 ग्राम 
  • गेंहू का आटा -250 ग्राम (गूथा हुआ)
  • प्याज - 4 (कटा हुआ)
  • लहसुन - 2 गाँठ (कटी हुई)
  • हरी मिर्च - 4-5 (कटी हुई)
  • धनिया पत्ती- 1/4 कटोरी (कटी हुई)
  • नीबू - 2 
  • अजवाइन - 1/2 चम्मच  
  • हींग - 1 चुटकी
  • लाल मिर्च का आचार - 1 
  • नमक - स्वादानुसार 
  • घी - 200 ग्राम 

सत्तू का पराठा कैसे बनाएँ?
  • सबसे पहले आटा गूथ लें। 
  • अब एक कटोरी में चने का सत्तू निकालें। 
  • सत्तू में घी छोड़ कर सारी सामग्री मिला लें। 
  • इस प्रकार पराठे का भरावन तैयार है। 
  • अब आटे की लोई बनाएँ तथा उसमें सत्तू भरें। 
  • सत्तू भरने के बाद पराठे को रोटी की तरह गोल बेल लें। 
  • अब तवा पर देशी घी लगा कर पराठे सेंक लें। 
  • एक तरफ सिंकने के बाद पराठे को पलट कर दूसरे तरफ भी घी लगाएँ और सेंके। 
  • इस प्रकार आसानी से आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए सत्तू के लज़ीज़ पराठे तैयार हैं। 

इन्हें आप दही और किसी भी चटनी के साथ परोसिये। 
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हरे मटर के साथ पोहा


पोहा एक उत्तर भारतीय व्यंजन है। यह वैसे तो मध्य प्रदेश, राजस्थान के कुछ इलाकों में, बिहार और उसके आस-पास के इलाकों में नाश्ते के रूप में खाया जाता है, परन्तु इसका समृद्ध रूप मध्य-प्रदेश के भोपाल में देखने को मिलता है। यह इस इलाके का एक लोकप्रिय नाश्ता है जो हर नाश्ते की दुकान पर उपलब्ध होता है। पोहा बहुत जल्दी तैयार हो जाने वाला नाश्ता है। यह यह बहुत स्वादिष्ट होता है। पोहा बेहद कम तेल में बनने के कारण स्वास्थ्य के लिए भी हानिकारक नहीं है। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में नाश्ते के लिए हरे मटर के साथ पोहा रखा है। आप भी बनाइए और एक शानदार नाश्ते का आयोजन कीजिए।
हरे मटर के साथ पोहा के लिए आवश्यक सामग्री -

  • पोहा (चिवड़ा) - 100 ग्राम
  • चीनी बूरा - 1 चम्मच 
  • करी पत्ता - 5-7
  • हरी मिर्च - 1-2 (बारीक कटी हुई)
  • हरे मटर के दाने - 1/2 कटोरी 
  • गाजर - 1/2 (कटा हुआ) 
  • नींबू रस - 2 चम्मच
  • हरा धनिया - 1चम्मच (बारीक कटा हुआ), 
  • राई - 1/4 चम्मच
  • तेल - 1 चम्मच
  • हल्दी पाउडर - 1/4 चम्मच 
  • नमक - स्वादानुसार

हरे मटर का पोहा कैसे बनाएँ?

  • सबसे पहले पोहा को ठीक से साफ कर लें। 
  • अब उसे एक बड़े बर्तन में रख कर उसमे पानी से धो लें। 
  • धुलने के बाद पोहे में एक कप पानी डाल दें। 
  • अब उसमें नमक तथा चीनी-बूरा डालकर दस-पन्द्रह मिनट के लिए ढ़क कर रख दें।
  • अब कढ़ाई तेल डालें और गरम करें। 
  • तेल गरम होने पर उसमें राई डालकर चटकाएं। 
  • राई के भुन जाने पर उसमें करी पत्ता डालें। 
  • उसके बाद हरी मिर्च, कटा गाजर, हल्दी पाउडर और मटर के दाने डालकर भूनें। 
  • अब भिंगोया हुआ पोहा डालकर चलाते हुए दो मिनट तक पकाएँ। 
  • अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए हरे मटर के साथ पोहा बनकर तैयार है। 

इसमें नींबू का रस और हरी धनिया-पत्ता डालकर आज के नाश्ते का आयोजन करें।
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Saturday, 11 June 2016

करौंदे की चटनी

    करौंदे की चटनी बहुत ही स्वादिष्ट होती है। करौंदे की चटनी उत्तर भारत में अधिक बनाई जाती है। इसे आप कचौड़ी, समोसे, पकौड़े या रेगुलर खाने के साथ भी खा सकती हैं। विश्वास कीजिए, करौंदे की चटनी आपके खाने के स्वाद को और भी बढ़ाती है।
    करौंदा को करोंदा या करौन या करवन भी कहा जाता है। इसका वृक्ष झाड़दार होता है, जिसमे तेज काँटे होते हैं। करौंदा का वैज्ञानिक नाम कैरिसा कैरेंडस है। वैसे तो कई लोग इसकी सब्जी, मुरब्बे और अचार भी बनाते हैं, मगर यह मुख्य रूप से चटनी के लिए ही प्रचलित है।

    करौंदा अपने स्वाद से हमें प्रभावित तो करता ही है, इसके खट्टे-मीठे फल भी हमें लाभ देते हैं। आयुर्वेदीय संहिताओं में दो प्रकार के करौंदों का वर्णन प्राप्त होता है - करौंदा तथा करौंदी। करौंदे के फल पकने के बाद काले पड़ जाते हैं इसलिए इनको कृष्णपाक फल कहते हैं। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में करौंदे की चटनी रखा है। इसकी चटनी हमारी जीभ के लिए सुखदायी तो है ही, इससे मसूड़ों के रोग मिटते हैं। आइए, आज करौंदे की चटनी बनाते हैं। 
करौंदे की चटनी के लिए आवश्यक सामग्री -
  • करोंदे - 100 ग्राम
  • हरी मिर्च - 3-4
  • लाल मिर्च पाउडर - 1/4 चम्मच
  • हींग - 1 चुटकी
  • राई - 1/2 चुटकी
  • तेल - 1 चम्मच
  • नमक - स्वादानुसार

करौंदे की चटनी कैसे बनाएँ ?
  • सबसे पहले करौंदे को काटकर बीज निकाल लें। 
  • अब करौंदे के साथ नमक, हरी मिर्च और लाल मिर्च पाउडर मिलाकर मिक्सर में पीस लें।  
  • अब एक पैन में तेल गर्म करें। 
  • तेल गर्म होने पर हींग और राई डालकर चटकने दें। 
  • अब उसमे चटनी डालकर तड़का लगाएँ। 

देखिए, अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए करौंदे की चटपटी चटनी तैयार है। 
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पनीर-वडा पाव


  भारत में जगह-जगह की कुछ चीजें प्रचलित हो जाती हैं। यह बात खाने-पीने, पहनने से लेकर रहन-सहन, सबपर लागू होता है। अब अगर खाने की बात करें तो जैसे दिल्ली के छोले-कुल्चे प्रसिद्ध हैं, वैसे ही मुंबई का वडा पाँव। खाना-पान की वर्तमान संस्कृति के कारण अब दिल्ली-मुंबई क्या, हर स्थान की चीजें हर जगह मिल जाती है। तो अपने किचन में क्यों नहीं? 
  परिवार के लोगों को यदि गरमागरम नाश्ता करने की इच्छा हो रही हो तो अपने किचन में वड़ा पाव बनाया जा सकता है। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू के लिए पनीर वडा के साथ पाव रखा है। यह बनाने में बिल्कुल आसान और सेहत के लिए फायदेमंद है। 

पनीर-वड़ा पाव के लिए आवश्यक सामग्री - 
  • पाव या बन - 10
  • पनीर - 100 ग्राम 
  • बेसन - 1 कप
  • अदरक-लहसुन पेस्ट - 1 चम्मच 
  • प्याज पेस्ट -  1 चम्मच 
  • लाल मिर्च पाउडर - 1/2 चम्मच
  • हींग - 1 चिटकी 
  • खाने का सोडा - 1/4 चम्मच
  • तेल - वडा तलने के लिए 
  • नमक - स्वादानुसार

पनीर-वड़ा पाव कैसे  बनाएँ ?
  • सबसे पहले पनीर को 10 पतले स्लाइस में काटें। 
  • फिर बेसन को एक बरतन में छान लें। 
  • अब उसमे खाने का सोडा मिलाएँ। 
  • अब अदरक-लहसुन पेस्ट, प्याज पेस्ट, लाल मिर्च पाउडर और  स्वादानुसार नमक डालें। 
  • उसमे थोड़ा सा तेल और हींग मिला के पानी मिला के गाढ़ा घोल बना लें। 
  • अब कड़ाही में तेल गरम करें।  
  • जब तेल अच्छे से गरम हो जाये तब एक-एक करके पनीर के स्लाइस को घोल में डुबायें और तेल में डाल दें। 
  • अब पनीर-वडा को मध्यम आँच पर सुनहरा होने तक तलें। 
  • इसी तरह से सारे वडे तल के रख लें।
  • अब पाव या बन को बीच से काटें और टोमेटो सॉस लगाकर एक पनीर-वडा रख के बंद कर दें। 
  • इस प्रकार आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए पनीर-वडा पाव तैयार है। 
  • आप इस  वड़ा पाव को हरी चटनी या चिली सॉस के साथ परोसें और एक शानदार नाश्ते का आनंद लें। 

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Friday, 10 June 2016

मसालेदार तोरई


    तोरई को अलग-अलग जगह पर अलग-अलग नाम से जाना जाता है। इसे नेनुआ, घेवड़ा, गिल्की, तुरई, तोरी आदि भी कहते हैं। यह वैसे तो जाड़े में भी मिलाती है, मगर मूलतः गर्मियों की सब्जी है। तोरई ये बेहद सुपाच्य होती है। यह हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत ही फायदेमंद होता हैं। इसमें फाइबर, विटामिन और मिनरल्स भरपूर मात्रा में पाया जाता हैं। तोरई का प्रयोग मधुमेह, नेत्र रोग, पीलिया, संक्रमण, त्वचा रोग जैसे कई अन्य बीमारियों के इलाज में किया जाता है।

   तोरई में संतृप्त वसा, कोलेस्ट्रॉल और कैलोरी बहुत ही कम है जो वजन कम करने में सहायक होता हैं। यह मधुमेह के रोगियों के लिए काफी फायदेमंद होता हैं। इसमें बीटा कैरोटीन पाया जाता है जो नेत्र दृष्टि बढ़ाने में मदद करता हैं। तोरई (नेनुआ) मुँहासे, एक्जिमा, सोरायसिस और अन्य त्वचा संबंधी रोगों के उपचार में सहायक होता है। तोरई की सब्जी खाने से शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली मजबूत होता हैं। यह खून को शुद्ध करने में मदद करता है। तोरई में विटामिन सी, जिंक, आयरन, राइबोफ्लेविन, मैग्नीशियम, थायमिन, फॉस्फोरस और फाइबर प्रचुर मात्रा में पाया जाता है।
   तोरई (नेनुआ) की सब्जी बहुत ही पौष्टिक होती है, लेकिन तोरई खाना सभी नहीं पसन्द करते। अगर हम उस तोरई को थोड़े अलग तरीके से बनाएँ तो बड़ी स्वादिष्ट बन जाती है। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में मसालेदार तोरई बनाई है। यह बेहद स्वादिष्ट है। इसे आपको भी बनाना चाहिए। 
मसालेदार तोरई के लिए आवश्यक सामग्री - 

  • तोरई - 250 ग्राम  
  • टमाटर - 1 
  • प्याज - 1 
  • लहसुन  - 1 गाँठ 
  • धनिया पाउडर - 1 चम्मच 
  • हल्दी पाउडर - 1 चम्मच 
  • हरी मिर्च - 2 
  • हींग - 1 चुटकी 
  • जीरा - 1 चुटकी 
  • लाल मिर्च पाउडर - 1/4 चम्मच 
  • नमक स्वादानुसार  
  • तेल - 4 चम्मच 
मसालेदार तोरई कैसे बनाएँ? 

  • सबसे पहले तोरई (नेनुआ) को साफ धोकर छील लें।
  • छीलने के बाद फिर से एक बार धो लें।
  • पानी छन जाने पर दो से ढाई इंच के लम्बे टुकड़े में काट लें।
  • अब बीच से चीरकर दो भाग में कर लें।
  • अब टमाटर, लहसुन, प्याज, हरी मिर्च, लहसुन आदि मिक्सी में डालकर बारीक़ पीस लें।
  • पिसने के बाद एक कटोरी में निकाल लें।
  • अब कडाही में 4 चम्मच तेल डालें।  
  • तेल गर्म होने पर जीरा डालें तथा चटकने दें।
  • अब इसमें मिक्सी में पिसा मसाला डालें और चलाते रहें।
  • मसाला में अब धनिया पाउडर, हल्दी पाउडर, लाल मिर्च पाउडर, हींग और नमक डालें।
  • अब तोरई छौंक दें और मिलाकर ढक दें।
  • एक-एक मिनट पर चलाते रहें।
  • इस प्रकार 10-12 मिनट तक करें।
  • अब आप देखेंगी कि तोरई हल्का भूरा हो गई है।
  • अगर मसाले का पानी नहीं सूखा है तो कुछ देर और भूने।
इस प्रकार आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए मसालेदार तोरई तैयार है।
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नींबू की चटनी


    गर्मी के दिनों का सबसे लोकप्रिय पेय नींबू पानी होता है। नींबू हमें अनेक प्रकार से लाभ पहुँचाता है। यह तो सभी जानते हैं कि नींबू विटामिन सी का सबसे अच्छा स्रोत है। नींबू एक ऐसा फल है जिसकी खुशबू मात्र से ही ताजगी का अहसास होता है। नींबू का अनोखा गुण यह है कि इसकी खट्टी खुशबू खाने से पहले ही मुँह में पानी ला देती है। बात चाहे किसी भी व्यंजन की हो, इसके प्रयोग से और भी स्वाद बढ़ जाता है। यह फल खट्टा होने के साथ-साथ बेहद गुणकारी भी है। 

    आज मैंने अपनी टेस्टफुल में इस लाभकारी नींबू की चटनी तैयार की है। यह मूलतः पूरी तरह से देशी चटनी है। इसे मैंने अपनी सासु-माँ से सीखी है। वे बड़ी ही तल्लीनता से बनाती थीं। उनकी बनाने की प्रक्रिया से ही मुँह में पानी भर जाता था। आप भी बनाकर इसके देशी स्वाद का आनंद लीजिए। 
नींबू की चटनी के लिए आवश्यक सामग्री -
  • नींबू - 8-10 
  • हरी मिर्च - 3-4 
  • लहसून - 3-4 दाने 
  • अजवाइन - 1/2 चम्मच 
  • नमक - स्वादानुसार 

नींबू की चटनी कैसे बनाएँ?
  • सबसे पहले नींबू को पानी में ढोकर सूखे कपड़े से पोंछ लें। 
  • अब प्रत्येक नींबू को तीन-चार टुकड़ों में काटें। 
  • अब खूजे के साथ एक कटोरी में रस निचोड़ लें। 
  • खूजे को अलग कर लें। 
  • रस के साथ आये बीजों को चम्मच से एक-एक कर निकाल लें। 
  • अब हरी मिर्च की डंठल तोड़कर छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लें। 
  • लहसून के छिलके उतार लें। 
  • अब मिक्सी में नींबू के खूजे, हरी मिर्च के टुकड़े, लहसून और स्वादानुसार नमक डालकर दरदरा होने तक पीस लें। 
  • नींबू के रस वाले कटोरी में पिसी गई चटनी को निकाल लें। 
  • अब उसमे अजवाइन डालकर मिला लें। 
  • आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए नींबू की चटनी तैयार है। 

आप एक अलग स्वाद का आनंद ले सकती हैं। 
हाँ, इसे बहुत दिनों तक इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। 
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Thursday, 9 June 2016

ब्राउन राइस

    अकसर लोग चावल को मोटापे से जोड़ कर देखते हैं, लेकिन अगर आप ब्राउन राइस खा रहे हैं तो इस समस्या से निश्चित रहें। ब्राउन राइस अर्थात भूरा  चावल से मोटापा बढ़ता नहीं, बल्कि यह वजन कम करने में सहायक है। आप क्यों न ऐसे चावल को अपनी डाइट में शामिल करें, जिसके सिर्फ फायदे ही फायदे हैं।  निश्चय ही ब्राउन राइस हर प्रकार से उपयोगी है। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू  में  ब्राउन राइस ही रखा है। 

    सबसे पहले आपको यह बता दूँ  कि ब्राउन राइस का भूसा नहीं उतारा जाता। इस कारण इसके पोषक तत्त्व  साबुत अनाज जितने ही रहते हैं। ब्राउन राइस जिन्हें बटुआ या छिलके वाले चावल के नाम से भी जाना जाता है। ये चावल की कम परिष्कृत किस्म है। इसकी केवल बाहरी परत होती है और छिलका हटा हुआ होता है लेकिन फिर भी इसका बाहरी चोकोर आवरण भूरे रंग का होता है जो कि इसे हल्का भूरा रंग, अखरोट का स्वाद और चबाने वाली बनावट देता है। ब्राउन राइस में दिमाग के लिए पोषक तत्व होते हैं इसलिए यह अधिक पोष्टिक है। ब्राउन राइस एक पूर्ण खाद्य अनाज है जो कि विटामिन बी, फास्फोरस, सेलेनियम, मैंगनीज, पोटेशियम और मैग्नीशियम सहित कई जरूरी पोषक तत्व प्रदान करता है। 
ब्राउन राइस के प्रति मान्यता -

  • हालांकि ब्राउन राइस को इसके स्वाद, पकने में ज्यादा समय लेने और ज्यादा समय तक न रख पाने की वजह से भारत में अकसर लोग इसे लेना पसंद नहीं करते। 
  • अब बेहतर तकनीक की मदद से ब्राउन राइस को ज्यादा समय तक रखा जा सकता है। 
  • इसका स्वाद भी अब काफी लोगों को पसंद आने लगा है। 
  • पहले इस भूरे चावल को गरीबों का खाना माना जाता था, लेकिन आज इसके पौष्टिक तत्त्वों की वजह से बहुत किमती माना जाता है। 
  • आज स्वास्थ्य के प्रति सचेक व्यक्तियों ने इसे अपने आहार का भाग बना लिया है। 
ब्राउन राइस क्यों खाएँ?

  • ब्राउन राइस को अपने भोजन का मुख्य भाग बनाना चाहिए क्योंकि यह स्वास्थ्य के लिये लाभदायक होता है।
  • यह डाइटरी फाइबर और फाईटोन्यूट्रीएंट्स का एक अच्छा स्त्रोत है जो कि वजन को मेन्टेन रखने जैसे कई सुरक्षात्मक स्वास्थ्य लाभ प्रदान करता है।
  • ब्राउन राइस में सेलेनियम होता है जो कि पेट के कैंसर की सम्भावना को कम करता है। 
  • ब्राउन राइस में फाइबर होता है जो कि एलडीएल कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद करता है। 
  • इसे खाने से ब्लड प्रेशर कम होता है और धमनियों में प्लाक बनने के खतरे को कम करता है। 
  • ब्राउन राइस में फाइबर की अधिकता होती है, इसलिए यह आप के द्वारा ली जाने वाली कैलोरीज की मात्रा को कण्ट्रोल करता है और आपका पेट काफी देर के लिए भर जाता है। 
  • फाइबर की अधिकता के कारण ब्राउन राइस पाचन तंत्र के लिए लाभकारी है। 
  • एक कप ब्राउन राइस शरीर को रोजाना आवश्यक इक्कीस प्रतिशत मैग्नीशियम प्रदान करता है। 
  • (मैग्नीशियम कैल्शियम के अवशोषण के लिए भी जरूरी है जो हड्डियों के स्वास्थ्य के लिए आवश्यक पोषक तत्व है।)
  • चावल में मौजद फाइबर ब्लड शुगर के स्तर को नियमित करके टाइप -2 शुगर को रोकने में मदद करता है। 
  • यह अस्थमा के लक्षणों को कम करने में मदद करता है।
कैसे बनाएँ ब्राउन राइस?

  • स्वाद और स्वास्थ्य की दृष्टि से लोग इसे तरह-तरह से बनाते हैं। 
  • मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू  में  बहुत ही प्लेन ब्राउन राइस बनाया है। 
  • आप सबसे पहले ब्राउन राइस को साफ करके थोड़े समय के लिये भिगो लें। 
  • पानी छान लें और सूखे चावल का तिगुना पानी मिलाकर प्रैसर कुक में रख लें। 
  • यह ध्यान रहे कि ब्राउन राईस को पकने  में अधिक समय लगता है। 
  • इसे पकने में करीब 30-35 मिनट लग सकता है।
  • अब 30-35 मिनट के बाद इसे उतार लें। 
  • आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए ब्राउन राइस तैयार है। 
  • इसे किसी भी तरी के साथ परोसे और स्वाद के साथ ही स्वास्थ्य का लाभ उठाएँ। 



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Wednesday, 8 June 2016

छुआरे की चटनी


   जैसे अंगूर का सूखा हुआ रूप किशमिश होता है उसी तरह खजूर का सूखा हुआ रूप छुआरा होता है। पौष्टिकता से भरपूर छुआरा गर्म तासीर है इसलिए इसकी उपयोगिता सर्दियों में बढ़ जाती है। वैसे इसका सेवन सालभर किया जा सकता है।
     छुआरे की अनेक विशेषताएँ हैं। सुबह-शाम दो छुआरा (छुहारा) चबाकर खाने और हल्का गर्म पानी पीने से कब्ज दूर होता है। छुआरे और गाय का दूध पीने से शरीर में कैल्शियम की कमी पूरी होती है। छोटे बच्चों को छुहारे खिलाने से उनके बिस्तर पर पेशाब करने की समस्या दूर होती है। दो छुहारे दूध में उबालकर रात को खाने और दूध पीने से स्वर बहुत सुरीला होता है। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में अनेक गुणों से भरपूर छुआरे की चटनी रखा है। आप भी कभी बनाकर देखिए। 
छुआरे की चटनी के लिए आवश्यक सामग्री -
  • छुआरे - 100 ग्राम
  • टमाटर - 1 (बारीक़ कटा हुआ)
  • लाल मिर्च पाउडर - 1/2 चम्मच
  • भुना जीरा - 1/2 चम्मच
  • अदरक - 1चम्मच (बारीक़ कटा हुआ)
  • नमक - स्वादानुसार
  • घी - 1 चम्मच

छुआरे की चटनी कैसे बनाएँ?
  • सबसे पहले सभी छुआरे को 2 घंटे के लिए एक कप पानी में भींगो दें।
  • छुआरे पूरी तरह से फूलकर मुलायम हो जायेंगे।
  • अब सभी छुआरों के बीच में से गुठली निकाल लें।
  • फिर इसे धो लें।
  • अब मिक्सी में छुआरे के साथ टमाटर, लाल मिर्च पाउडर, भुना जीरा, अदरक और नमक डालकर बारीक पीस लें।
  • 8-10 दाना जीरा बचा लें।
  • अब एक पैन में घी डालकर गर्म करें।
  • पैन में बचा जीरा डालें और चटकाएं।
  • अब मिक्सी में पिसे गए चटनी को छौंक कर 8-10 मिनट तक पकाएँ।

          लीजिए अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए छुआरे की चटपटी चटनी तैयार है।
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Monday, 6 June 2016

वेज़ स्प्रिंग रोल

    वेज़ स्प्रिंग रोल नाम सुनते ही सबके मुँह में स्पाइसी स्वाद भर जाता है। वैसे तो यह चाइनीज़ रेसिपी सबको पसंद आता है, मगर बच्चे सबसे अधिक दीवाने होते हैं इसके। बच्चों को वेज़ स्प्रिंग रोल बहुत पसंद आता है। आज मैंने भी अपने बच्चे के लिए अपनी टेस्टफुल मेनू में वेज़ स्प्रिंग रोल बनाया है। 
    आपको तो पता ही है कि रोल के लिए रैपर बाज़ार में भी मिल जाते हैं पर आप चाहें तो आसानी से इसे घर में भी बना सकती हैं। एक चीज और, ये रैपर मैदा के होते हैं। मैदा सुपाच्य नहीं होता, खासकर बच्चों के लिए। मैंने रैपर बनाने के लिए मैदा के बराबर ही आटा का भी प्रयोग किया है। इससे रैपर थोड़ा मोटा अवश्य हो जाता है, मगर स्वास्थ्य के लिए कोई चिंता नहीं रहती। 

वेज़ स्प्रिंग रोल आवश्यक सामग्री -
वेज़ स्प्रिंग रोल के रैपर के लिए -
  • मैदा - 1/2 कप
  • आटा - 1/2 कप
  • वेज़ स्प्रिंग रोल में भरने के लिए -
  • पत्ता गोभी - 100 ग्राम (बारीक काटा हुआ)
  • गाजर  - 100 ग्राम (बारीक काटा हुआ)
  • फ्रेंच बीन्स - 100 ग्राम (बारीक काटा हुआ)
  • हरी मिर्च - 1 (बारीक कटी हुई)
  • अदरक  - 1/2 चम्मच (कद्दूकस किया हुआ)
  • काली मिर्च - 1 चिटकी 
  • मेयोनीज - 2 चम्मच 
  • नमक  - स्वादानुसार 
  • तेल  - स्प्रिंग रोल तलने के लिये

वेज़ स्प्रिंग रोल कैसे बनाएँ?
  • सबसे पहले एक बर्तन में मैदे और आटे को छान लें। 
  • अब इसमें पानी डाल कर इसका घोल बना लें।  
  • इस घोल को ढक कर रख दें।  
  • इससे घोल फूल जाएगा और रैपर में वेजिटेबल्स भरते समय फटेगा नहीं। 
  • जब तक घोल तैयार होता है तब तक आप भरने के लिए वेजिटेबल्स तैयार कर लें। 
  • अब एक कढा़ई में एक चम्मच तेल गरम करके उसमें हरी मिर्च, अदरक, पत्ता गोभी, गाजर और फ्रेंच बीन्स डालें। 
  • उसे एक मिनट के लिए भून लें। 
  • अब काली मिर्च और नमक डाल कर मिला लें। 
  • अब गैस बंद कर दें। 
  • रोल्स की स्टफिंग ठंडा हो जाने पर उसमे मेयोनीज डालकर मिला लें। 
  • अब रोल्स की स्टफिंग के लिए वेज तैयार है। 

वेज़ स्प्रिंग रोल का रैपर कैसे बनाएँ ? 
  • सबसे पहले नानस्टिक तवे को गरम करके उसपर बिलकुल थोडा़ सा तेल डालें। 
  • अब नैपकिन पेपर की सहायता से तवे पर डाले सारे तेल को चारों तरफ फ़ैला दें। 
  • तवे को हल्का गरम रखें। 
  • चूँकि घोल में आटा भी मिला है, इसलिए अब तवे पर दो चम्मच घोल डालें।
  • चम्मच से ही चारों तरफ फैल दें। 
  • इसे धीमी आँच पर सेकें। 
  • जब रैपर रंग हल्का बदल जाए तो इसे उतार कर एक प्लेट में रख लें। 
  • इस प्रकार सारे घोल का रैपर तैयार कर लें। 
  • अब तैयार रैपर पर दो चम्मच स्टफिंग रख कर लंबाई में फैलाएँ। 
  • रैपर के दोनों किनारों को स्टफ़िंग के उपर मोड़ते हुए उपर से मोडें और फिर रोल कर लें। 
  • इसप्रकार सारा रोल्स तैयार कर लें। 

वेज़ स्प्रिंग रोल को फ्राई कैसे करें?
  • सबसे पहले कढा़ई में तेल गरम करके उसमें जितने रोल्स आसानी से आ सकें डाल कर तल लें। 
  • इन्हें ब्राउन होने तक पलट-पलट कर तलें और फिर निकाल कर नैपकिन पेपर बिछी प्लेट में रख लें। 
  • अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए गरमागरम लज़ीज़ वेज स्प्रिंग रोल्स तैयार हैं। 

आप इन्हें अपनी पसंद की चटनी के साथ खाएँ और खिलाएँ। 
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ब्रेड कटलेट

   मौसम चाहे कोई भी हो, अगर सुबह के नाश्ते या शाम की चाय के साथ कुछ कुरकुरा स्नैक्स हो तो चाय का स्वाद कुछ अधिक बढ़ जाता है। जी हाँ, अगर आप उस अवसर पर ब्रेड कटलेट बनाती हैं तो इससे ना केवल आप खुश होगी बल्कि इतना स्‍वादिष्‍ट व्‍यंजन पा कर आपका पूरा परिवार खुश हो जाएगा। यह स्‍नैक आसानी से घर पर, आप अपनी किचन में बना सकती हैं। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में ब्रेड कटलेट रखा है।  
   चाय-नाश्ते के टेबल पर जब गर्मागरम कुरकुरे ब्रेड कटलेट हों तो सभी के चहरे पर स्वाद भरी मुस्कान आ जाएगी। एक गृहिणी के रूप में कौन अपने परिवार को यह मुस्कान नहीं देना चाहेगा? तो आइए, आज ब्रेड कटलेट बनाते हैं। 

ब्रेड कटलेट के लिए आवश्यक सामग्री -
  • ब्रेड - 4 
  • आलू - 2 (उबले हुए)
  • प्याज - 1 (बारीक कटा हुआ)
  • हरी मिर्च - 1 (बारीक कटी हुई)
  • अदरक - 1/2 चम्मच (कद्दूकस किया हुआ)
  • गरम मसाला पाउडर - 1/2 चम्मच
  • चाट मसाला - 1/2 चम्मच
  • नमक - स्वादानुसार
  • तेल - तलने के लिए 

ब्रेड कटलेट कैसे बनाएँ? 
  • सबसे पहले उबले आलू को छीलकर कद्दूकस कर लें। 
  • अब गैस पर पैन में थोड़ा तेल गर्म करें।  
  • उसमें प्याज डालकर सुनहरा होने तक कम आँच पर फ्राई करें। 
  • अब पैन में अदरक और हरी मिर्च डालकर कुछ सैकेंड तक पकाएँ। 
  • फिर इसमें गरम मसाला पाउडर डालकर मिक्स करें।  
  • इसे दो मिनट तक पकाकर गैस बंद कर दें। 
  • आलू, चाट मसाला और नमक आदि डालकर मिश्रण तैयार करें। 
  • अब दो ब्रेड अच्छी तरह मसल लें और इनका चूरा तैयार कर लें। 
  • अब बर्तन में पानी लें। 
  • बची हुई ब्रेड पानी में डुबोकर निकालें और हाथों से दबाकर इसका पानी निचोड़ लें। 
  • गीली ब्रेड को तैयार मिश्रण में डालकर मिक्स कर लें। 
  • इसके बाद थोड़ा-थोड़ा मिश्रण लेकर गोल-गोल बॉल बनाएँ और हथेली से दबाकर लोई का आकार दें। 
  • अब प्लेट में ब्रेड का चूरा निकालें और बनी लोई पर चारों तरफ लपेट लें।  
  •  गैस पर पैन में तेल गर्म करें। 
  • गर्म तेल में कटलेट (तैयार लोई) डालकर तलें। 
  • जब कटलेट हल्का ब्राउन हो जाए तो प्लेट में निकाल लें। 
  • इसी तरह आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए क्रिस्पी और स्वादिष्ट ब्रेड कटलेट तैयार है। 

अब आप भी खाइए, परिवार के सदस्यों को खिलाइए और ख़ुशी परोसने का बहाना बनिए। 
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Saturday, 4 June 2016

फ्रूट रायता

    रायता सभी पसंद करते हैं। फल भी सभी पसंद करते हैं। अगर दोनों को एक अलग रूप में पेश किया जाए तो उसे भी सभी पसंद करेंगे। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में फ्रूट रायता रखा है। इसे दही से बनाया जाता हो। निश्चय ही यह एक बहुत ही सरल, स्वादिष्ट और पौष्टिक रेसिपी है। 
    फ्रूट रायता बहुत ही जल्दी बनाया जा सकता है। इसकी विशेषता यह है कि इसमें किसी भी तरह की कुकिंग का काम नहीं करना पड़ता है। आप भी अवश्य फ्रूट रायता बनाइए और अपनी लज़ीज़ मेनू को और हेल्दी कीजिए।

फ्रूट रायता के लिए आवश्यक सामग्री - 
  • दही - 2 कप (गाढ़ा मीठा)
  • सेव - 1 
  • केला -1 
  • अनार -1 
  • आम - 1 
  • भूना जीरा पाउडर - 1 चम्मच 
  • काला नमक - 1/4 चम्मच 
  • सफ़ेद नमक - स्वादानुसार
  • चीनी - 1 चम्मच 

(आप मौसम और उपलब्धता के आधार पर और भी फल रख सकती हैं)
फ्रूट रायता कैसे बनाएँ?
  • सबसे पहले सेव, केला, अनार, आम आदि सभी फलों को साफ धोकर बारीक काट लें।
  • अब दही को मथनी से फेंट लें।
  • अब सभी कटे फ्रूट को दही में मिक्स करें। 
  • अब उसमें भुना जीरा पाउडर, काला नमक, सफेद नमक, चीनी डाल कर अच्छी तरह मिला लें।
  • अब झट से आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए फ्रूट रायता तैयार है। 
  • अब ऊपर से अनार के दाना डालें और कुछ देर फ्रिज़ में रखें फिर परोसें।

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खीरा का जूस

    गर्मी आते ही खीरे की लोकप्रियता बढ़ जाती है। खीरे से सभी ठंडक पाते हैं और गर्मी से राहत मिलती है। हम अधिकतर खीरे को सलाद और रायते के रूप में प्रयोग करते हैं। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में खीरा का जूस रखा है। इसके असरकारी और फायदेमंद गुणों के कारण सबको विशेषकर गर्मियों में प्रयोग करना चाहिए। खीरे में प्रचुर मात्रा में एंटी ऑक्सीडेट होते है जो हमारे शरीर के इम्यून फंक्शन को बरकरार रखने मदद करते है। इसे रोजाना खाने से गर्मी से लू नहीं लगती। खीरा खाने से थकावट नहीं होती है।

    खीरा के अनेक फायदे हैं। इसका प्रयोग गर्मी से राहत देने और जलन को दूर करने के लिए घरेलू उपचार के रूप में किया जाता रहा है। इसे छिलके समेत खाना अच्छा रहता है। खीरे में फाइबर बहुत होता है। यह हमारा वजन तो नियंत्रित करता ही है, पेट निकलने की समस्या में भी सहायक सिद्ध होता है।
    डायबिटीज, एसिडिटी, ब्लड प्रेशर से पीड़ित व्यक्ति या जो वजन को नियंत्रित करना चाहते है, उन्हे सुबह खाली पेट खीरे का जूस लेना चाहिए। स्वाद बढ़ाने के लिए उसमें थोड़ा नीबू और पुदीना डाल सकती है। आप निश्चिन्त होकर खीरे का जूस पियें और स्वस्थ जियें। हाँ, अगर आपको ब्लड प्रेशर की समस्या है तो जूस में नमक न डालें। इसका जूस नियमित रूप से पीने से मुँहासे आदि स्किन सम्बंधित रोग नहीं होते। 
खीरा का जूस के लिए आवश्यक सामग्री -
  • पानी - 2 गिलास 
  • खीरा - 2 
  • एक नींबू का रस
  • पुदीना पत्ती - 7-8 
  • काला नमक - 1/2 चम्मच 
  • सफेद नमक - 1/4 चम्मच 
  • चीनी - 1 चम्मच 
  • बर्फ के टुकड़े - 6  
  • भूना जीरा पाउडर - 1/2 चम्मच 

खीरा का जूस कैसे बनाएँ?
  • सबसे पहले खीरे को साफ धोकर टुकड़ों में काट लें। 
  • आप चाहें तो इसके छिलके भी उतार सकती हैं। 
  • अब मिक्सर जार में खीरा, नींबू का रस, पुदीना की पत्ती, काला नमक, सफ़ेद नमक और चीनी डालकर ग्राइंड करें। 
  • अब उसमे चार बर्फ के टुकड़े डालकर फिर से ग्राइंड करें। 
  • अब खीरे के जूस को जग में छलनी से छान लें। 
  • ग्राइंड खीरे को छलनी में चम्मच से दबाकर अच्छी तरह से जूस निचोड़ लें। 
  • अब भूना जीरा पाउडर डालकर मिलालें। 
  • देखिए, कुछ ही मिनट में आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए खीरा जूस तैयार है। 
  • तैयार है खीरे का जूस को पुदीना की पत्तियों से सजाकर ग्लास में पेश करें। 

परोसते समय आप गिलास में एक- दो बर्फ के टुकड़े भी डाल दें। स्वाद में चार-चाँद लग जाएगा। 
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अरबी पत्ते के पकौड़े


    अरबी के पत्ते गाँवों में भरपूर मिलते हैं | गाँवों में लोग अक्सर घर के आस-पास अरबी लगा देते हैं। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में अरबी पत्ते के पकौड़े रखा है। इसे पूर्वी उत्तर-प्रदेश और पश्चिमी बिहार में रिकवछ या रिकवच भी कहा जाता है। यह खाने में बहुत ही स्वादिष्ट होता है। इसे लोग विभिन्न प्रकार से बनाते हैं। वैसे तो अरबी के पकौड़े भी आम पकौड़ों की तरह ही बनते हैं, मगर स्वाद कुछ अलग ही होता है। जब भी आपका एक ही प्रकार के खाने से उबने लगे तो आप भी अपनी टेस्टफुल मेनू में अरबी पत्ते के पकौड़े रख कर देखिए, खाने वाले अँगुलियाँ चाटने लगेंगे। आप इसे शाम की चाय के साथ एक बढ़िया स्नैक्स के रूप में भी रख सकती हैं। 
अरबी पत्ते के पकौड़े के लिए आवश्यक-सामग्री-
  • अरबी के पत्‍ते - 4-5 
  • बेसन - 2 कप 
  • प्‍याज - 1 बड़ा
  • लहसून - 5-7 कली 
  • हरी मिर्च - 3-4 
  • लाल मिर्च पाउडर - 1/2 चम्मच 
  • धनिया पाउडर - 1/2 चम्मच 
  • हल्‍दी पाउडर - 1/4 चम्मच 
  • नमक- स्वादानुसार 
  • तेल- तलने के लिये

अरबी पत्ते के पकौड़े कैसे बनाएँ ?
  • सबसे पहले अरबी के पत्‍तों को धो कर सूखा लें। 
  • अब प्याज, लहसून और हरी मिर्च को मिक्सी में पीसकर पेस्ट तैयार कर लें। 
  • एक बडे़ से कटोरे में बेसन निकालें। 
  • बेसन में हल्‍दी, धनिया पाउडर, मिर्च पाउडर, नमक और प्याज, लहसून, हरी मिर्च का पेस्ट डालें। 
  • अब थोड़ा पानी डालकर गाढ़ा घोल तैयार करें। 
  • अब धुले अरबी के पत्तों पर तैयार बेसन का गाढ़ा घोल लपेटें। 
  • पत्तों पर बेसन लपेटकर रोल करें। 
  • अब आप रोल किए गए पत्ते को गोल-गोल टुकड़ों में काट लें। 
  • आप चाहें तो पत्तों के रोल को कूकर में रखकर पहले उबाल भी सकती हैं।  
  • अब कड़ाही में तेल डालकर गर्म करें। 
  • रोल के टुकड़े करके गरम तेल में कुरकुरे होने तक तल लें। 
  • अब आपकी टेस्टफुल मेनू में अरबी पत्ते के पकौड़े तैयार हैं। 

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पकौड़ा कढ़ी

    खाने में बेसन से बने खाद्यों का प्रयोग हज़ारों साल से किया जा रहा है। आज इसका सेवन दुनिया भर में तरह-तरह से किया जाता है। यह एक स्वास्थ्यप्रद और स्वादिष्ट आहार है। आज मैं अपनी टेस्टफुल मेनू में पकौड़ा कढ़ी बना रही हूँ। यह खाने में जितना स्वादिष्ट होता है, बनाने में उतना ही आसान। आप भी चंद मिनटों में इस स्वादिष्ट कढ़ी को बना सकती हैं।
   हम खाने में दाल तो रोज रखते हैं, पर जब कुछ अलग खाने का मन करता है तो हम कढ़ी बनाते हैं। कढ़ी कई प्रकार की होती है। पकौड़े की कढ़ी प्रमुख है। यह उत्तर भारत में लगभग सभी बनाते हैं। आइए,आज आप भी इस पकौड़े के साथ कढ़ी बनाइए। 
पकौड़ा कढ़ी के लिए आवश्यक सामग्री - 
  • बेसन - 200 ग्राम
  • खट्टा दही - 100 ग्राम 
  • तेल  - 1 चम्मच (पकौड़े तलने के लिए अलग)
  • हींग  - 1 चिटुकी 
  • जीरा - 1/4 चम्मच
  • मैथी के दाने  - 1/4 चम्मच 
  • हल्दी पाउडर - 1/2 चम्मच 
  • लाल मिर्च पाउडर - 1/4 चम्मच 
  • हरी मिर्च - 2-3 (बारीक कटी हुई)
  • तेजपत्ता - 4
  • लाल मिर्च - 4 सूखा  
  • नमक - स्वादानुसार

पकौड़ा कढ़ी कैसे बनाएँ?
  • सबसे पहले बेसन को किसी बर्तन में छान कर निकाल लें। 
  • पानी की सहायता से बेसन का गाढ़ा घोल बना लें। 
  • बेसन के घोल को अच्छी तरह से मिला लें। 
  • तैयार घोल को दो बराबर भागों में बाँट लें। 

पकौड़ी बनाने की विधि -
  • सबसे पहले कढा़ई में तेल डाल कर गरम करें।  
  • तेल गरम हो जाय तो बेसन के एक भाग की पकौड़े बनाएँ। 
  • पकौड़े बनाने के लिये चमचे की सहायता से बेसन का घोल लेकर गरम तेल में डालें। 
  • आप एक बार में 7- 8 पकौड़े आसानी से डाल सकती हैं। 
  • पकौड़े को ब्राउन होने तक तलें और प्लेट में निकाल लें। 
  • इसी तरह आज की कढ़ी के लिए बेसन के पकौड़े तैयार हो जाएँगे। 

कढ़ी बनाने की विधि -
  • अब दही को मथकर एक बर्तन में निकाल लें। 
  • बचे हुये बेसन के घोल को दही में मिला लें। 
  • इसमें लगभग दो गिलास पानी मिला लें। 
  • कढ़ाई में एक चम्मच तेल छोड़ कर बाकी तेल निकाल लें। 
  • अब तेल को गरम करें।  
  • गरम तेल में हींग, मैंथी और जीरा डालकर चटकने दें। 
  • अब उसमे लाल मिर्च और तेजपत्ता डालें। 
  • अब हल्दी पाउडर, लाल मिर्च पाउडर और हरी मिर्च डालें। 
  • मसालें में दही बेसन का घोल डालें और घोल को तबतक तबतक चलाएँ जबतक घोल गाढ़ा न हो जाए। 
  • घोल में उबाल आने दें। 
  • घोल में उबाल आने के बाद उसमे पकौड़े डाल दें। 
  • बार-बार चलाते रहें। 
  • कढ़ी में फिर से उबाल आने पर स्वादानुसार नमक डालें। 
  • अब कढ़ी को 10-12 मिनिट तक धीमी आँच पर पकने दें। 
  • बीच-बीच में चलाते रहें। 

अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए स्वादिष्ट पकौड़े कढ़ी तैयार है। 
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Friday, 3 June 2016

कच्चे केले की सब्जी

   सभी पके केले तो बड़ी चाव से खाते हैं, मगर जब कच्चे केले की बात आती है तो सबका नाक सिकुड़ जाता है।जबकि कच्चे केले का इस्तेमाल स्वाद और स्वास्थ्य, दोनों प्रकार से लाभदायक होता है। आम तौर पर लोगों को इसके फायदों के बारे में पता ही नहीं होता। कच्चा केला पोटैशियम का खजाना होता है जो इम्यून सिस्टम को तो मजबूत बनाता है। कच्चा केला शरीर को दिनभर एक्टि‍व भी बनाए रखता है। इसमें मौजूद विटामिन बी6, विटामिन सी कोशिकाओं को पोषण देने का काम करता है। कच्चे केले में स्वास्थ्य-वर्धक स्टार्च और एंटी-ऑक्सीडेंट्स भी होता है। 

   कच्चा केला हमें अनेक प्रकार से फायदा पहुँचता है। इसमें भरपूर मात्रा में फाइबर्स पाए जाते हैं जो अनावश्यक फैट सेल्स और अशुद्धियों को साफ करने में मददगार होते हैं। अगर आपको कब्ज की समस्या रहती है तो कच्चा केला खाना आपके लिए बहुत लाभप्रद रहेगा। कच्चा केला खाने से समय-समय पर भूख नहीं लगती है और हम जंक फूड और दूसरी अनहेल्दी चीजें खाने से बच जाते हैं। ये डायबिटीज कंट्रोल करने की अचूक औषधि है। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में कच्चे केले की सब्जी रखी है। इसे मैंने पूर्णतः घरेलु तौर पर बनाया है। यहाँ तक कि इसमें मैंने मसाले के रूप में सरसों का इस्तेमाल किया है। 
कच्चे केले की सब्जी के लिए आवश्यक सामग्री -
  • कच्चे केले - 4 
  • हरी मिर्च - 2 (पेस्ट)
  • लहसुन - 7 से 8 (पेस्ट)  
  • सरसों - आधी कटोरी (पेस्ट)
  • धनिया पाउडर - 1/2 (चम्मच) 
  • हल्दी पाउडर - 1/2 (चम्मच) 
  • जीरा पाउडर - 1/2 (चम्मच)
  • लाल मिर्च पाउडर - 1/2 (चम्मच)
  • हींग - एक चुटकी
  • राई - एक चुटकी
  • नमक - स्वादानुसार 
  • तेल - 2 चम्मच 

कच्चे केले की सब्जी कैसे बनाएँ?
  • सबसे पहले केले के दोनों ओर के डन्ठल काट कर धो लें। 
  • अब कूकर में रखकर उबाल लें। 
  • कूकर में एक गिलास पानी डाल कर रखें और एक सीटी आने तक उबालें। 
  • ठंडा होने पर केले का छिलका उतार लें। 
  • अब आधा इंच मोटे टुकड़े काट लें। 
  • अब कढ़ाई में तेल डाल कर गरम करें। 
  • गरम तेल में हींग और राई के दाने डालें। 
  • जब राई चटकने लगे तब उसमे हल्दी पाउडर, धनिया पाउडर, जीरा पाउडर और लाल मिर्च पाउडर डाल कर चमचे से चला लें। 
  • अब सरसों का पेस्ट डालें और  बार-बार चलाते हुए पकाएँ। 
  • मसाले को तब तक भूने जब तक कि मसाला तेल से अलग न होने लगे। 
  • अब इस मसाले में कटे हुये केले डाल दें और 2-3 मिनिट तक चला कर भूनें। 
  • अब आधा गिलास पानी डालें तथा एक बार चला लें। 
  • चलाने के बाद स्वादानुसार नमक डालें और 2-3 मिनिट के लिए ढक दें। 
  • इतने में सब्जी में उबाल आ जाएगा। 
  • अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए कच्चे केले की सब्जी तैयार हो गई। 
  • अब अंत में तैयार सब्जी में गरम मसाला या जीरा पाउडर डाल कर मिला लें। 

अब आप केले की सब्जी को रोटी, परांठे या नान के साथ परोसें। 
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Thursday, 2 June 2016

लीची नींबू ड्रिंक


गर्मी के मौसम में भूख कम और प्यास ज्यादा लगती है। ऐसे में सिर्फ सादे पानी से ही काम नहीं चलता। सभी जीवों को एनर्जी बनाए रखने के लिए ड्रिंक्स की आवश्यकता पड़ती है। अगर ड्रिंक टेस्टी और ठंडे हो तो बात ही कुछ अलग है। 

गर्मी में ड्रिंक्स हमें लू और डिहाइड्रेशन से भी बचाए रखते हैं। आज मैंने अपनी टेस्टफुल मेनू में एक टेस्टी ड्रिंक को रखा है। जी, आज मैंने निंबू के साथ प्राकृतिक गुलाब-जामुन ड्रिंक रखा है। 
आपको पता है कि प्राकृतिक गुलाब-जामुन किसे कहते हैं? जी हाँ, लीची को उसकी सुगंधित मिठास और विशिष्ट रंग-रूप के कारण प्राकृतिक गुलाब-जामुन कहा जाता है। देश के कृषि-वैज्ञानिक लीची की बागवानी को नए इलाकों में फैलाने और अलग-अलग मौसम में इसके फल प्राप्त करने के लिए देश के कृषि अनुसंधान कर रहे हैं। आज भारत लीची का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक है। भारत में लीची का सालाना लगभग ढाई लाख टन उत्पादन होता है। लीची की खेती 10 से 15 डिग्री सेल्सियस से 29 से 38 डिग्री सेल्सियस के तापमान वाले क्षेत्रों में की जा सकती है। 
तो आप भी लीची के बेहतरीन स्वाद का नींबू के साथ एक नए रूप में आनंद लीजिए। 
लीची नींबू ड्रिंक के लिए आवश्यक सामग्री -
  • लीची - 10 (छिली हुईं)
  • निंबू रस - 2 चम्मच 
  • पानी - 2 गिलास 
  • चीनी - स्वादानुसार 
  • बर्फ के टुकड़े - 4 

लीची नींबू ड्रिंक कैसे बनाएँ? 
  • सबसे पहले लीची के बीज निकालकर उसका शेष भाग (गूदा) मिक्सर जार में डाल लें। 
  • अब मिक्सर में गूदा (Pulp) को पीसकर उसे गाढ़ा बना लें। 
  • एक बड़े बरतन में पानी, नींबू का रस और चीनी डालकर मिश्रण तैयार कर लें। 
  • जब चीनी घुल जाए तो पानी के मिश्रण को दूसरे बर्तन में छान लें। 
  • अब लीची के गाढ़े घोल को नींबू-चीनी के मिश्रण में डालें और मिलाएँ। 
  • अब आपकी टेस्टफुल मेनू के लिए 

अब आप इसे गिलास में डालें तथा बर्फ के टुकड़े डालकर पीयें-पिलाएँ। 
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